AD
AD
AD
khabarNEWSNews

क्या शी जिनपिंग को हुआ कोरोना? बार-बार आ रही खांसी ने रोका चीनी राष्ट्रपति का भाषण

AD

पेइचिंग
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के स्वास्थ्य को लेकर अटकलों का बाजार गरम है। बुधवार को हॉन्ग कॉन्ग के नजदीक शेन्जेन में एक कार्यक्रम के दौरान चीनी राष्ट्रपति बार-बार खांसते दिखाई दिए। भाषण के अंतिम 10 मिनटे में उनकी खांसी इतनी बढ़ गई कि उन्हें अपना उद्बोधन तक कुछ देर के लिए रोकना पड़ा। हालांकि, वहां की सरकारी मीडिया ने जिनपिंग के स्वास्थ्य को लेकर कोई भी रिपोर्ट जारी नहीं की है।

खांसी के कारण रोकना पड़ा लाइव भाषण
सरकारी टीवी चैनल सीसीटीवी पर जिनपिंग के भाषण का लाइव टेलिकॉस्ट किया जा रहा था। जब उन्हें खांसी आने लगी तो टीवी चैनल बार-बार उनकी खांसी वाले विजुअल को काटना शुरू कर दिया। हालांकि, इस दौरान आडियो में उनके खांसने की आवाजें सुनाई दे रही थीं। एक ऐसा विजुअल भी दिखाई दिया जिसमें शी जिनपिंग अपने मुंह पर हाथ रखे हुए थे।

कोरोना संक्रमण की आधिकारिक पुष्टि नहीं
ऑडियो में राष्ट्रपति जिनपिंग अपने गले को साफ करने के लिए पानी से गलाला करते भी सुनाई दिए। इसके बाद से ही तेजी से अफवाह फैल रही है कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग कोरोना वायरस से संक्रमित हो चुके हैं। हालांकि इसकी अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। हॉन्ग कॉन्ग की लोकतंत्र समर्थन एपल टीवी ने भी दावा किया है कि जिनपिंग खांसी के कारण अपना दौरा स्थगित कर वापस पेइचिंग चले गए हैं।

अमेरिका-भारत से तनाव, चीनी राष्‍ट्रपति शी जिनपिंग बोले- जंग के लिए तैयार रहे सेना

लोगों के बीच बिना मास्क के दिखे जिनपिंग
एपोक टाइम्स ने अपनी रिपोर्ट में सीधा सवाल किया है कि क्या चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग कोरोना से संक्रमित हैं? वे दक्षिणी चीन की यात्रा के दौरान शेन्जेन पहुंचे थे। यहां उनको लोगों के बीच बिना मास्क पहने देखा गया था। हालांकि, इस दौरान वे लोगों से कुछ दूरी पर खड़े हुए दिखाई दिए थे।

कोरोना के कारण चीन की ‘अंतरराष्ट्रीय बेइज्जती’, सर्वे में लोग बोले- जिनपिंग पर भरोसा नहीं

Advertisement

क्या कुछ छिपा रहा है चीन?
चीन में आधिकारिक तौर पर हर दिन लगभग 10 से ज्यादा कोरोना वायरस के मामले दर्ज किए जा रहे हैं। हालांकि, कई विशेषज्ञों को चीन के इस आंकड़ों पर संदेह है। चीन ने पहली बार अपनी विकासदर को कम होने का अनुमान जताया है। ऐसे में संदेह जताया जा रहा है कि चीन वास्तविक आंकड़ों को छिपाकर गलत जानकारी साझा कर रहा है।


Source link

AD
Show More
AD

varanasicoverage4742

“खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते”।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Related Articles

AD
Back to top button
hi_INहिन्दी
Powered by TranslatePress »